माँ शशि शांति सेवा ट्रस्ट, स्वर्गीय श्रीमती शशि देवी जी की स्मृति, उनके जीवन मूल्यों और सेवा-भावना को समाज तक पहुँचाने का संकल्प है। नीचे दिया गया परिचय आपके साझा किए गए मूल दस्तावेज़ों पर आधारित है।
नाम: श्रीमती शशि देवी
माता: श्रीमती ज्ञानी देवी
पिता: श्री राम नारायण दुबे
जन्म स्थान: मिटई दुबे का पुरवा, ग्रामसभा बनकट, बीकापुर, अयोध्या
देहत्याग स्थल: पूरे लक्ष्मण, ग्रामसभा करनीपुर, तरबगंज, गोंडा
जन्म तिथि: 25/10/1982
मृत्यु तिथि: 25/10/2020
नोट: एक साझा दस्तावेज़ में नीचे के अनुच्छेद में 25 सितंबर 1982 भी दिखा था। वेबसाइट में फिलहाल ऊपर वाले structured data के अनुसार 25/10/1982 रखा गया है।
बाल्यकाल से ही देवी उपासना, राष्ट्रभाव, प्रकृति संरक्षण और जीवों की सेवा में उनकी गहरी आस्था थी। माता विंध्यवासिनी एवं उनकी विग्रह पीतांबरा के प्रति अनन्य श्रद्धा, सरलता और समर्पण उनके व्यक्तित्व की सबसे बड़ी पहचान थी।
उनकी सेवा-भावना, गौसेवा, पर्यावरण प्रेम और मानवता के प्रति करुणा को जीवित रखने के लिए ही माँ शशि शांति सेवा ट्रस्ट की स्थापना की गई।
परिवार, भक्ति, सेवा और स्मृति से जुड़ी प्रमुख अवस्थाएँ।
आपकी शिक्षा मरई सहाई सिंह, बनकट और बीकापुर क्षेत्र में मैट्रिक तक हुई।
माता विंध्यवासिनी व पीतांबरा के प्रति उनकी अनन्य उपासना ने सेवा को जीवन का केंद्र बना दिया।
4 जुलाई 1995 को पूरे लक्ष्मण, ग्रामसभा करनीपुर, तरबगंज, गोंडा में पंडित दिलीप मिश्रा जी के साथ आपका विवाह हुआ।
दो संतान हुईं — पंडित गार्गदित्य रंजन मिश्रा (शुभम मिश्रा) और आचार्य आदित्य रंजन मिश्रा (शिवम मिश्रा)।
गौसेवा, वृक्षारोपण, वन जीवों की सेवा, जरूरतमंदों की मदद और मानवीय सहयोग में वे हमेशा तत्पर रहीं।
उनकी स्मृति और विचारधारा को स्वयंसेवकों के माध्यम से पीढ़ियों तक जीवित रखने हेतु ट्रस्ट का निर्माण किया गया।
ट्रस्ट खुद को एक परिवार की तरह देखता है, जो मदद, प्यार और अवसर की ज़रूरत वाले हर व्यक्ति तक पहुँचना चाहता है।
श्रीमती शशि देवी जी के परिवार, जन्मभूमि, शिक्षा और सेवा-भावना से जुड़े प्रमुख मूल दस्तावेज़।
गाय को समर्पित सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और सेवा-आधारित विचारधारा ट्रस्ट की गौ सेवा गतिविधियों में भी दिखती है।
यदि आप इस प्रेरणा से जुड़ना चाहते हैं, तो दान, स्वयंसेवा या साझेदारी के माध्यम से ट्रस्ट का साथ दें।